Biography

श्री नरेंद्र मोदी जी की जीवनी – Shri Narendra Modi Biography

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Shri Narendra Modi Biography

जन्म तिथि17 सितंबर, 1950
जन्मस्थानवडनगर, गुजरात, भारत
पितादामोदरदास मुलचंद मोदी
माताहीराबा मोदी
शिक्षापोलिटिकल साइंस में बीए एवं एमए
विशेषज्ञताराजनीति
पार्टीभारतीय जनता पार्टी (भा.ज.पा.)
पदभारत के प्रधानमंत्री (2014 से वर्तमान तक)
कार्यकाल26 मई, 2014 से वर्तमान तक
नागरिकताभारतीय

नरेंद्र मोदी जी का जन्म एवं शुरुआती जीवन

श्री नरेंद्र मोदी का जन्म 17 सितंबर 1950 को भारतीय गुजरात राज्य के वडनगर जिले में हुआ। उनके पिता का नाम दामोदरदास मुलचंद मोदी था और माता का नाम हीराबा मोदी था। वह मध्यम वर्गीय परिवार से संबंध रखते थे।

नरेंद्र मोदी ने अपनी प्राथमिक शिक्षा वडनगर के संकल्प स्कूल में पूरी की। उनकी बातचीत और शिक्षा में रुचि की शुरुआत बचपन से ही हुई। वे एक राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, RSS) शाखा में शामिल हुए, जहां उन्हें नौ वर्षों तक संगठन के कार्यों में योगदान देने का अवसर मिला।

बाद में, उन्होंने वडनगर के गुजरात के रूप में कार्य किया और उसके बाद अहमदाबाद शहर में रहने लगे। वहां पर्यटन के क्षेत्र में कार्य करने के बाद उन्होंने उद्योग क्षेत्र में अपनी दिशा तय की। उन्होंने गुजरात राज्य में बड़ी संख्या में उद्योगों के स्थापना और विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

नरेंद्र मोदी जी का जन्म और शुरुआती जीवन उनके नेतृत्व और उद्यमशीलता का अवश्यक हिस्सा रहा है, जिसने उन्हें एक महान राष्ट्रनेता बनने की ओर अग्रसर किया।

नरेंद्र मोदी जी का परिवार (Narendra Modi Family)

परिवार सदस्यउम्रपेशा
पितादामोदरदास मुलचंद मोदी
माताहीराबा मोदी
पत्नीजशोदाबेन चमनलाल मोदी
भाईसोमेशभाई मोदीस्वास्थ्य विभाग के अधिकारी
भाईअमृत मोदीमशीन ऑपरेटर
भाईप्रहलाद मोदीशॉप चलाने वाले, अहमदाबाद
भाईपंकज मोदीसूचना विभाग में क्लर्क, गांधीनगर

नरेंद्र मोदी जी का विवाह घांची समुदाय की परंपराओं के अनुसार 1968 में उम्र 18 वर्ष में जशोदा बेन चिमनलाल के साथ हुआ। वार्ताकारों के मुताबिक, नरेंद्र मोदी जी और उनकी पत्नी के बीच कोई तलाक नहीं हुई थी, लेकिन फिर भी वे एक-दूसरे से अलग हो गए। जशोदा बेन गुजरात के एक सरकारी स्कूल में शिक्षिका के रूप में काम करती थी, जो अब पेंशन पर हैं। नरेंद्र मोदी जी के कोई बच्चे नहीं हैं। वे वर्तमान में दिल्ली के पंचवटी में रह रहे हैं, हालांकि वे गुजरात के निवासी हैं।

नरेंद्र मोदी जी की शिक्षा एवं शुरुआती करियर

जीवन घटनाविवरण
शुरूआती शिक्षावडनगर के स्थानीय स्कूल से हायर सेकेंडरी तक पढ़ाई
आर्थिक स्थितिपरिवार की आर्थिक स्थिति दिक्कतों के कारण उन्होंने अपना घर छोड़ दिया
भ्रमण और खोजउत्तर भारत, ऋषिकेश और हिमालय में घूमने का दौरा
उच्च शिक्षादिल्ली विश्वविद्यालय (स्नातक) और गुजरात विश्वविद्यालय (स्नातकोत्तर)
पुस्तकालय में समयपढ़ाई में सामान्य, पुस्तकालय में अधिक समय बिताते थे
वाद-विवाद की कलावाद-विवाद में माहिर और बेहतरीन थे

जीवन की इन घटनाओं के अनुसार, नरेंद्र मोदी जी ने अपनी शुरूआती शिक्षा वडनगर के स्थानीय स्कूल से हायर सेकेंडरी तक पूरी की। इसके बाद, परिवार की आर्थिक स्थिति के कारण उन्होंने अपना घर छोड़ दिया और विभिन्न भागों में भ्रमण करके विविध संस्कृतियों की खोज की। उन्होंने उत्तर भारत के स्थानों में ऋषिकेश और हिमालय का दौरा किया। इसके बाद, वे दिल्ली विश्वविद्यालय में उच्च शिक्षा (स्नातक) और गुजरात विश्वविद्यालय में अध्ययन (स्नातकोत्तर) के लिए दाखिला लिया। अपनी पढ़ाई में वे सामान्य थे, लेकिन पुस्तकालय में ज्यादा समय बिताते थे। उनकी वाद-विवाद की कला बेहतरीन थी।

नरेंद्र मोदी जी की प्रारंभिक राजनीतिक करियर (Narendra Modi Political Career)

अपनी कॉलेज की पढ़ाई के बाद, मोदी जी ने अहमदाबाद जाकर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) में शामिल होकर फुलटाइम प्रचारक के रूप में देशभक्ति और हिंदू राष्ट्रवादी राजनीतिक दल में सहयोग किया। इस दौरान, 1975-77 के राष्ट्रीय आपातकाल के समय, आरएसएस को प्रतिबंधित कर दिया गया था। मोदी जी को उस समय अंडरग्राउंड कार्यकर्ता बनना पड़ा और गिरफ्तारी से बचने के लिए भेस बदलकर यात्रा की। उन्होंने आपातकाल के विरोध में सक्रिय भूमिका निभाई, सरकार के खिलाफ प्रदर्शनों के अलावा पर्चे वितरण जैसे विभिन्न हथकंडों का उपयोग किया। इससे उनकी प्रबंधन, संगठनात्मक और नेतृत्व क्षमता प्रकट हुई।

इसके बाद, नरेंद्र मोदी ने राजनीतिक कार्यकर्ता के रूप में राजनीति में भाग लेना शुरू किया। उन्हें आरएसएस में लेखन का कार्य सौंपा गया था। 1985 में आरएसएस के द्वारा मोदी जी ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) में शामिल होने की सोच रखी। और 1987 में वे पूरी तरह से बीजेपी में शामिल हो गए, जहां उन्होंने अहमदाबाद नगरपालिका चुनाव में भाजपा की अभियान योजना को संगठित करने में मदद की, जिसमें भाजपा ने जीत हासिल की।

गुजरात के मुख्यमंत्री के रुप में नरेंद्र मोदी जी (Narendra Modi As a Chief Minister of Gujarat)

नरेंद्र मोदी जी ने सन 2001 में आयोजित विधानसभा चुनाव में भाग लिया और राजकोट में से एक सीट जीती. इसके बाद उन्हें गुजरात के मुख्यमंत्री के पद पर नियुक्ति मिली. यह हुआ था क्योंकि उस समय केशुभाई पटेल की स्वास्थ्य समस्या हो गई थी और उपचुनावों में भाजपा ने कुछ विधानसभा सीटों को हार दिया था. इसके पश्चात भाजपा की राष्ट्रीय नेतृत्व ने केशुभाई पटेल के स्थान पर नरेंद्र मोदी जी को गुजरात के मुख्यमंत्री का पद सौंपा.

साल 2001 तारीख 7 अक्टूबर, गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में मोदी जी ने शपथ ग्रहण की. इसके बाद से, उनकी जीत एक के बाद एक निश्चित होती गई.

उन्होंने पहले 24 फरवरी 2002 को राजकोट के ‘द्वितीय निर्वाचन क्षेत्र’ के लिए आयोजित उपचुनाव जीता, जहां उन्होंने कांग्रेस के अश्विन मेहता को 14,728 वोटों से हराया.

नरेंद्र मोदी जी के गुजरात मुख्यमंत्री कार्यकाल में गोधरा कांड

नरेंद्र मोदी जी के उपचुनाव जीतने के 3 दिन बाद, गुजरात में एक महत्वपूर्ण घटना घटी जिसमें गोधरा कांड के दौरान 58 लोगों की हत्या हो गई. इस हत्याकांड का कारण यह था कि उस समय गोधरा के पास एक ट्रेन में जिसमें ज्यादातर हिंदू यात्री थे, उसमें आग लगा दी गई थी. इसके परिणामस्वरूप, यह घटना मुस्लिम समुदाय के खिलाफ जारी सांप्रदायिक हिंसा की शुरुआत बन गई. इसके पश्चात, गुजरात में दंगे होने लगे और लगभग 900 से 2,000 लोगों की मौत हो गई.

उस समय नरेंद्र मोदी जी की सरकार गुजरात में थी, और उन पर इस हत्याकांड को फैलाने का आरोप लगाया गया. इसके परिणामस्वरूप, चारों ओर से उन पर दबाव बढ़ा और उन्हें अपने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा. इसलिए, मोदी जी का मुख्यमंत्री पद का कार्यकाल कुछ महीनों के लिए ही रहा. बाद में, सन 2009 में सुप्रीमकोर्ट द्वमहान्यायालय ने एक दल गठित किया जिसका नाम ‘सरकारी उच्चायोगिता टीम’ (Special Investigation Team, SIT) था, जो इस मामले की जांच के लिए नियुक्त किया गया था. SIT ने पूरी जांच करने के बाद, सन 2010 में सुप्रीम कोर्ट को एक रिपोर्ट प्रस्तुत की जिसमें मोदी जी को इस मामले में निर्दोष ठहराया गया. हालांकि, सन 2013 में इस जांच दल के खिलाफ आरोप लगाए गए कि उन्होंने मोदी जी के खिलाफ मिले सबूतों को छिपाया है.

दूसरी बार मुख्यमंत्री के रूप में (Second Term as Chief Minister)

मोदी जी को कोर्ट से दोषमुक्त ठहराने के बाद, उन्हें फिर से गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में पदवी दी गई. मोदी जी के दूसरे कार्यकाल के बाद, उन्होंने राज्य के विकास के लिए कार्य करना शुरू किया. इससे गुजरात में कई परिवर्तन आए. उन्होंने गुजरात राज्य में टेक्नोलॉजी और वित्तीय पार्क विकसित किया. सन 2007 में मोदी जी ने गुजरात को नयी उचाईयों पर ले जाने के लिए वाइब्रेंट गुजरात शिखर सम्मेलन में 6,600 अरब रुपये के रियल एस्टेट निवेश पर हस्ताक्षर किए. इसके बाद, जुलाई में नरेंद्र मोदी जी ने मुख्यमंत्री के रूप में 2,063 लगातार दिनों तक कार्य किए, जिससे उन्होंने गुजरात के मुख्यमंत्री पद को संभालने का सबसे अधिक दिनों तक कार्य करने का रिकॉर्ड स्थापित किया.

तीसरी बार मुख्यमंत्री के रूप में (Third Term as Chief Minister)

मोदी जी का यह रिकॉर्ड आगे भी कायम रहा, सन 2007 में हुए गुजरात विधानसभा चुनाव में मोदी जी ने फिर से जीत हासिल की और वे वहां के तीसरी बार मुख्यमंत्री बन गए. इस कार्यकाल के दौरान मोदी जी ने राज्य में आर्थिक विकास के बारे में अधिक ध्यान दिया, और साथ ही निजीकरण पर भी ध्यान केंद्रित किया. उन्होंने ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग एपीसेंटर के रूप में अपनी नीतियों को प्रोत्साहित करके भारत को विश्वस्तरीय स्तर पर पहुंचाने का प्रयास किया। उनके मुख्यमंत्री पद कार्यकाल में गुजरात में कृषि विकास दर में काफी वृद्धि हुई, जिससे यह राज्य भारत के अन्य राज्यों के साथ तुलना में विकासशील बना। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली की आपूर्ति सुनिश्चित की, जिससे कृषि को बढ़ावा मिला। सन् 2011 से 2012 के बीच में, उन्होंने सद्भावना या गुडविल मिशन की शुरुआत की, जो गुजरात के मुस्लिम समुदाय तक पहुंचने के लिए शुरू किया गया था। गुजरात में शांति, एकता और सद्भावना को और मज़बूती प्रदान करने के लिए मोदी जी ने कई उपवास भी रखे।

चौथी बार मुख्यमंत्री के रूप में (Fourth Term as Chief Minister)

सन् 2012 में मोदी जी के तीसरी बार मुख्यमंत्री का कार्यकाल समाप्त हुआ और उसी साल गुजरात में विधानसभा चुनाव आयोजित हुए। इस साल भी मोदी जी ने जीत हासिल की और उन्हें चौथी बार गुजरात के मुख्यमंत्री पद को संभालने के लिए नियुक्ति दी गई।

इसलिए मोदी जी को राज्य में समृद्धि और विकास लाने का श्रेय दिया गया। उन्होंने गुजरात सरकार के प्रमुख के रूप में उनकी पहचान बना ली थी और उन्हें एक सक्षम शासक के रूप में मान्यता प्राप्त हुई। उन्हें राज्य की अर्थव्यवस्था के तेजी से विकास के लिए भी प्रशंसा मिली। उनके चुनावी प्रदर्शन के कारण वे और उनकी पार्टी सबसे आगे रहे, क्योंकि वे न केवल पार्टी के सबसे प्रतिभाशाली नेता थे, बल्कि उनमें प्रधानमंत्री के पद के लिए उम्मीदवार की प्रतिभा भी थी।

नरेंद्र मोदी जी की सन 2014 के लोक सभा चुनाव में भूमिका (Narendra Modi Role in General Election 2014)

नरेंद्र मोदी जी के चौथी बार गुजरात के मुख्यमंत्री बनने के एक साल बाद, जून में उन्हें भारतीय जनता पार्टी का अध्यक्ष नियुक्त किया गया। इसके पश्चात सन् 2014 में होने वाले आम चुनाव में, मोदी जी ने प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के रूप में प्रकट हुए। इसके बदले में मोदी जी को अपना गुजरात का मुख्यमंत्री पद त्यागना पड़ा। हालांकि, उस दौरान बीजेपी के कुछ सदस्यों, जैसे लाल कृष्ण आडवाणी जी, ने इस चीज का विरोध किया था। फिर भी, मोदी जी ने वाराणसी और वडोदरा दोनों सीटों पर विजय प्राप्त की थी और आने वाले आम चुनाव में प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के रूप में अपनी जगह बना ली थी।

इस चुनाव के दौरान मोदी जी ने पूरे देश में लगभग 437 चुनावी रैलियां आयोजित की, जहां उन्होंने कई मुद्दों को जनता के सामने रखा। इन रैलियों के माध्यम से, जनता प्रभावित हुई और बीजेपी को वोट दिया। सन् 2014 के आम चुनाव में बीजेपी की जीत एक ऐतिहासिक जीत बन गई, जहां वे पूर्ण बहुमत के आधार पर 534 सीटों में से 282 सीटें जीतकर अपने नाम कर ली। इस तरह, नरेंद्र मोदी जी ने भारत के प्रधानमंत्री के रूप में नया चेहरा बना लिया।

प्रधानमंत्री के रूप में मोदी जी का कार्यकाल (Narendra Modi as a Prime Minister of India)

नरेंद्र मोदी जी प्रधानमंत्री पद के लिए जीत हासिल करने के बाद, 26 मई 2014 को उन्होंने प्रधानमंत्री पद की शपथ ली और इस तरह वे देश के 14वें प्रधानमंत्री नियुक्त हुए। नरेंद्र मोदी जी के प्रधानमंत्री बनने के बाद, लोगों में उनपर काफी उम्मीदें जगीं। प्रधानमंत्री के रूप में, मोदी जी ने भारत में कई विकास कार्य किए। उन्होंने विदेशी व्यापारियों को भारत में निवेश करने के लिए प्रोत्साहित किया। मोदी जी ने विभिन्न नियम, परमिट और इंस्पेक्शन को लागू किया, जिससे व्यापार अधिक और आसानी से बढ़ सके। मोदी जी ने सामाजिक कल्याण कार्यक्रमों पर कम खर्च किया और स्वास्थ्य सेवाओं पर अधिक ध्यान केंद्रित किया। इसके अलावा, मोदी जी ने हिंदुत्व, रक्षा, पर्यावरण और शिक्षा को प्रोत्साहित करने के लिए भी कई कार्य किए।

2019 लोकसभा चुनाव में मोदी जी का परचम फिर ऊँचा उठा। मोदी क्रांति ने दूसरे दलों को बहुत पीछे छोड़ दिया। नरेंद्र मोदी जी नप्रधानमंत्री पद के लिए दूसरी बार चुने गए। उन्होंने 2019 लोकसभा चुनाव में 303 सीटों की पूर्ण बहुमत के साथ अभूतपूर्व जीत हासिल की। यह भारत के इतिहास में पहली बार हुआ कि किसी नेता ने लगातार दूसरी बार पूर्ण बहुमत के साथ इतनी बड़ी जीत हासिल की। जनता ने अपने प्रधानमंत्री को स्वयं चुना है और मोदी जी पर पूर्ण विश्वास दिखाया है। मोदी क्रांति और मोदी लहर ने भारत के लोकसभा चुनावों को पूरी दुनिया में छाया रखा है। यह जीत बीजेपी कार्यकर्ताओं की मेहनत का परिणाम है।

भारत की जनता मोदी जी से उन्नत भारत की उम्मीद कर रही है। मोदी जी ने नया नारा दिया – “सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास = विजयी भारत”। इस जीत को मोदी जी ने सभी भाजपा के कार्य कर्ताओं की कड़ी मेहनत की जीत बताया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा शुरू की गई कुछ महत्वपूर्ण योजनायें (Famous Schemes start under Prime Minister Narendra Modi Tenure)

सन् 2014 से लेकर अब तक के कार्यकाल में, नरेंद्र मोदी जी ने कई महत्वपूर्ण योजनाएं और पहलों की शुरुआत की हैं। इनमें से कुछ महत्वपूर्ण योजनाओं के बारे में जानकारी निम्नलिखित है:

  • स्वच्छ भारत अभियान: इस अभियान के तहत देश भर में स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए कई कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं। इसके अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्रों में लाखों शौचालय निर्मित किए गए हैं।
  • प्रधानमंत्री जन धन योजना: इस योजना के तहत किसानों को बैंक खाता खोलने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है। किसानों को मुफ्त में खाता खोला गया है और सरकार द्वारा प्रदान की जाने वाली सहायता उनके बैंक खाते में जमा की जाती है।
  • प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना: इस योजना के अंतर्गत गरीब परिवारों की महिलाओं को आधारभूत गैस सिलेंडर प्रदान किया जाता है, जिससे उनकी सुरक्षा एवं सम्मान में सुधार होता है।
  • आयुष्मान भारत योजना: आयुष्मान भारत योजना एक राष्ट्रीय स्वास्थ्य सुरक्षा योजना है जो 10 करोड़ से अधिक गरीब और कमजोर परिवारों (लगभग 50 करोड़ लाभार्थियों) को कवर करती है। इस योजना के तहत प्रति परिवार प्रति वर्ष 5 लाख रुपये तक का बीमा कवरेज प्रदान किया जाता है जब वे माध्यमिक और तृतीयक देखभाल अस्पतालों में भर्ती होते हैं। यह योजना आयुष्मान भारत – राष्ट्रीय स्वास्थ्य संरक्षण मिशन के तहत चल रही केंद्र प्रायोजित योजनाओं जैसे राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना (आरएसबीआई) और वरिष्ठ नागरिक स्वास्थ्य बीमा योजना (एससीएचआईएस) को शामिल करती है।
  • प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना: इस योजना के तहत खेती को सिंचाई के लिए बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर और सुविधाएं प्रदान की जाती हैं। इसका उद्देश्य फसलों की अच्छी तरह से सिंचाई करना है और कृषि क्षेत्र को विकसित करना है।
  • प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना: इस योजना में किसानों की फसलों के लिए बीमा प्रदान किया जाता है। यदि किसानों की फसलें प्राकृतिक आपदाओं के कारण नुकसान उठाती हैं, तो उन्हें बीमा का मुआवजा मिलता है।
  • प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना: इस योजना के तहत युवाओं को कौशल विकास के लिए प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है, ताकि उन्हें रोजगार के अवसरों में सुधार हो सके।
  • मेक इन इंडिया: इस अभियान के तहत निर्माण उद्योग को प्रोत्साहित किया जाता है और विभिन्न क्षेत्रों में विनिर्माण क्षमता को बढ़ाने के लिए कार्रवाई की जाती है।
  • गरीब कल्याण योजना: इस योजना के तहत गरीब वर्ग के लोगों के कल्याण और उन्हें बेहतर सुविधाएं प्रदान करने के लिएकई उपक्रम आयोजित किए गए हैं।
  • सुकन्या समृद्धि योजना: इस योजना का उद्देश्य छोटी बच्चियों के सशक्तिकरण के लिए उन्हें वित्तीय सहायता प्रदान करना है। इसके तहत उन्हें एक खाता खोलने की सुविधा दी जाती है जिसमें वित्तीय निवेश की राशि जमा की जा सकती है।
  • प्रधानमंत्री आवास योजना: इस योजना के अंतर्गत गरीबों को आर्थिक सहायता प्रदान करके खुद का घर बनाने की सुविधा दी जाती है। इसके तहत गरीब परिवारों को घर के लिए वित्तीय सहायता दी जाती है।
  • डिजिटल इंडिया प्रोग्राम: इस प्रोग्राम के अंतर्गत अर्थव्यवस्था को डिजिटल बनाने के लिए कई कार्रवाईयाँ की जाती हैं। साथ ही, लोगों से भी डिजिटल टेक्नोलॉजी का उपयोग करने के लिए प्रेरित किया जाता है।

नरेंद्र मोदी जी ने अपने कार्यकाल में इन और कई अन्य महत्वपूर्ण योजनाओं और अभियानों की शुरुआत की है, जिनसे देश में विकास और सुधार को गति मिली है।

प्रधानमंत्री मोदी जी के महत्वपूर्ण फैसले (Prime Minister Narendra Modi Big Decisions)

प्रधानमंत्री के रूप में मोदी जी ने कई महत्वपूर्ण फैसले लिए हैं और उनके कार्यकाल में लिए गए कुछ फैसलों के बारे में जानकारी निम्नलिखित है:

  • नोटबंदी: प्रधानमंत्री के कार्यकाल के दौरान, मोदी जी ने नोटबंदी जैसा अत्यंत महत्वपूर्ण फैसला लिया। इस फैसले के तहत मोदी जी ने 500 और 1000 के पुराने नोटों को बंद कर दिया और उनके स्थान पर 2000 और 500 के नए नोट जारी किए। यह एक ऐतिहासिक फैसला था।
  • जीएसटी: नरेंद्र मोदी जी ने नोटबंदी के बाद देश में लगाए जाने वाले सभी टैक्स को एक साथ सम्मिलित करदिया और एक टैक्स, जीएसटी (गुड्स एंड सर्विस टैक्स) को लागू किया। यह एक समर्पित कार्य है जो वस्त्र, सेवाएं और अन्य आपूर्ति को संगठित और सरल बनाने का लक्ष्य रखता है।
  • सर्जिकल स्ट्राइक: प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2016 में उरी हमले के बाद पाकिस्तान को सबक सिखाने के लिए भारतीय सेना के साथ मिलकर सर्जिकल स्ट्राइक को संचालित करने का फैसला लिया। इस एक्शन के माध्यम से आतंकवादी आइंसियान्द और अन्य संगठनों पर प्रतिक्रिया दी गई।
  • एयर स्ट्राइक: उन्होंने 2019 में फरवरी में हुए पुलवामा हमले के बाद भारतीय सुरक्षा बलों को पाकिस्तान के खिलाफ किसी भी प्रकार के एक्शन लेने के लिए मुक्तता दी। इसके बाद वायुसेना द्वारा एयर स्ट्राइक का आयोजन किया गया।
  • अनुच्छेद 370: जम्मू-कश्मीर के विशेष दर्जे को हटाने के लिए संसद ने 5 अगस्त, 2019 को एक संशोधन अधिनियम को मंजूरी दी। इस संशोधन के माध्यम से जम्मू-कश्मीर को अनुच्छेद 370 और 35ए द्वारा प्रदत्त विशेष दर्जे को समाप्त कर दिया गया। इसके साथ ही जम्मू-कश्मीर का विभाजन किया गया और उसे दो अलग राज्यों, जम्मू और कश्मीर, के रूप में पुनर्गठित किया गया। इसके पश्चात, भारत के अन्य राज्यों के नागरिकों को जम्मू-कश्मीर में अब जमीन खरीदने का अधिकार है।

इनके अलावा, मोदी जी ने ‘अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस’ की शुरुआत, ‘स्टेच्यू ऑफ लिबर्टी’ के निर्माण और राष्ट्रीय युद्ध स्मारक के निर्माण जैसे अन्य कार्यों को भी अपने खाते में रखाया है। उन्होंने विदेशी निवेशों के साथ मिलकर भारत में बुलेट ट्रेन जैसे परियोजनाओं को लाने में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने पड़ोसी देशों के साथ संबंधों को मजबूत करने और दुनिया के अन्य देशों के साथ संबंधों को सुधारने के लिए भी महत्वपूर्ण संकल्प दिखाया है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर लिखी गयी किताबें

नरेंद्र मोदी के ऊपर लिखी गई किताबेंलेखक
नरेंद्र मोदी – अ पॉलिटिकल बायोग्राफीएंडी मरीनो
सेंटरस्टेज : इनसाइड द नरेंद्र मोदी मॉडल ऑफ़ गवर्नेंसउदय महुरकर
मोदी : मेकिंग ऑफ़ अ प्राइम मिनिस्टर : लीडरशिप, शासन एवं प्रदर्शनविवियन फ़र्नांडिस
द मैन ऑफ़ द मोमेंट : नरेंद्र मोदीएम वी कमाथ एवं कालिंदी रंदेरी
द नमो स्टोरी : अ पॉलिटिकल लाइफकिंगशुक नाग
नरेंद्र मोदी : द गेमचेंजरसुदेश वर्मा

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